मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले के ग्राम ह्तुनिया के मुक्ति धाम में
दामोदर पथरी अस्पताल शामगढ़ द्वारा
सीमेंट बेंचें भेंट
मुक्तिधाम का काव्यात्मक विवरण
छंद 1
मुक्ति धाम हतुनिया में, शांति का सागर बहता है,
फूलचंद जी के नेतृत्व से, सेवा का दीपक रहता है।
सीमेंट बेंचें सजतीं यहाँ, श्रद्धा का स्वर गूँजता है,
दान अनिल राठौर का, जन-कल्याण में पूज्य बनता है।
छंद 2
हरित वृक्षों की छाया में, जीवन का संदेश मिलता है,
खुशनुमा वातावरण में, आत्मा का संतोष खिलता है।
डॉ. आलोक के आदर्शों से, प्रेरणा का दीप जलता है,
समाज सेवा के पथ पर, हर जन का मन मचलता है।
छंद 3
पेंशन का त्याग कर, आलोक जी ने आदर्श दिखाया है,
151 संस्थानों में, सेवा का दीप जलाया है।
दान-पथ की गाथा उनकी, प्रेरणा का अमृत बनती है,
मुक्ति धाम की हर बेंच पर, करुणा की छाया रहती है।
छंद 4
शमशान समिति के संग, जन-कल्याण का स्वर गूँज रहा,
दान अनुष्ठान से समाज में, पुण्य का दीपक धधक रहा।
मंदसौर से झालावाड़ तक, सेवा का विस्तार हुआ,
आलोक जी के संकल्प से, धर्म-पथ उज्ज्वल हुआ।
श्लोक
दानं धर्मस्य मूलं स्यात्, सेवा लोकहिताय च।
आलोकस्य कृपायुक्तं, पुण्यं सर्वत्र शोभते॥
मुक्तिधामे समायुक्तं, शान्तिः सौन्दर्यमेव च।
अनिलेन प्रदत्तानि, बेंचाः भक्तानुपकारिणः॥
सेवानिवृत्तजीवनेऽपि, धर्ममार्गे स्थितो दृढः।
आलोकः समाजाय, दीपः पुण्यप्रकाशकः॥

मुक्तिधाम की कहानी बहुत प्रेरणादायक है! फूलचंद जी के नेतृत्व में मुक्तिधाम समिति की मेहनत और डॉ. दयाराम जी आलोक के आदर्शों से प्रेरित डॉ. अनिल कुमार राठौर का सहयोग इस परिसर को और भी सुंदर और उपयोगी बना रहा है।मुक्तिधाम की विशेषताएं:1. शांत और पवित्र परिसर2. हरित पेड़-पौधों की मौजूदगी3. खुशनुमा वातावरण4. सिमेन्ट की बेंचें5. धार्मिक और आध्यात्मिक महत्वडॉ. अनिल कुमार राठौर का योगदान:1. दामोदर पथरी अस्पताल शामगढ़ के माध्यम से सहयोग2. ७ सीमेंट की बेंचें प्रदान कीं3. समाज सेवा और धार्मिक उत्थान में योगदानआपके चैनल @aloksandesh के माध्यम से धार्मिक और आध्यात्मिक वीडियोज़ प्राप्त करने के लिए सदस्यता लेना एक अच्छा विचार है!मुक्तिधाम के लिए आर्थिक सहयोग और समाज की भागीदारी से इस परिसर को और भी विकसित किया जा सकता है
.jpg)
मंदसौर,झालावाड़ ,आगर,नीमच,रतलाम,झाबुआ जिलों के
मन्दिरों,गौशालाओं ,मुक्ति धाम हेतु
साहित्य मनीषी
डॉ.दयाराम जी आलोक

शामगढ़ का
आध्यात्मिक दान-अनुष्ठान
डॉ. दयाराम जी आलोक द्वारा किए जा रहे 'आध्यात्मिक दान-पथ' के अंतर्गत उनके कार्यों और दान की प्रमुख विशेषताएँ निम्नलिखित हैं:
सेवानिवृत्ति के बाद समाज सेवा का संकल्प: डॉ. आलोक जी एक सेवानिवृत्त अध्यापक हैं। उन्होंने अपनी सेवानिवृत्ति के बाद अपनी 5 वर्ष की कुल पेंशन राशि को समाज कल्याण और जन-सुविधा के कार्यों में समर्पित करने का संकल्प लिया है।
व्यापक सेवा का दायरा: उनका यह दान-पथ केवल एक स्थान तक सीमित नहीं है। वे राजस्थान और मध्य प्रदेश के मंदसौर, आगर, नीमच, झालावाड़, रतलाम और झाबुआ जैसे जिलों के मंदिरों, मुक्ति धामों (श्मशान घाट) और गौशालाओं के विकास में निरंतर योगदान दे रहे हैं।
सुविधा-केंद्रित दृष्टिकोण: वे उन मूलभूत आवश्यकताओं पर ध्यान केंद्रित करते हैं जो आम जनता और आगंतुकों के लिए सबसे अधिक उपयोगी हैं। मुख्य रूप से धार्मिक स्थलों पर सीमेंट की बेंचें दान करना ताकि वृद्धों और यात्रियों को बैठने के लिए सुरक्षित और स्वच्छ स्थान मिल सके, उनके दान की एक प्रमुख विशेषता है।
स्व-वित्तपोषित मॉडल: उनका यह दान अनुष्ठान पूरी तरह से उनकी पेंशन और डिजिटल प्रयासों पर आधारित है। इसमें उनकी स्वयं की राशि के साथ-साथ वह आय भी सम्मिलित है, जो उन्हें गूगल कंपनी से उनके ब्लॉग और यूट्यूब वीडियो के माध्यम से प्राप्त होती है। इस प्रकार, वे तकनीक का उपयोग परोपकार के लिए कर रहे हैं।
निरंतरता और व्यापक प्रभाव: उनका कार्य केवल एक-दो बार का दान नहीं है। उन्होंने अब तक 151 से अधिक संस्थानों में बैठक व्यवस्था को बेहतर बनाने और रंग-रोगन आदि के कार्यों में अपना योगदान दिया है।
पारदर्शिता और प्रेरणा: दान के प्रति समाज में जागरूकता लाने और दूसरों को प्रेरित करने के लिए, वे दान की गई वस्तुओं पर शिलालेख भी लगवाते हैं। यह कार्य न केवल दानदाता के प्रति सम्मान प्रदर्शित करता है, बल्कि अन्य सक्षम लोगों को भी जनकल्याणकारी कार्यों के लिए प्रोत्साहित करता है।
मुक्ति धाम हतुनिया जिला मंदसौर हेतु
७ सीमेंट बेंचें भेंट
मुक्ति धाम हतुनिया का विडियो आलोक की आवाज
दामोदर अस्पताल शामगढ़ द्वारा लगवाई बेंचों पर बैठे लोगों का ग्रुप फोटो
फूलचंदजी चौधरी ९९७७१९४२८४ अध्यक्ष शमशान समिति
डॉ.अनिल कुमार दामोदर 98267-95656 s/o डॉ.दयाराम जी आलोक 99265-24852, दामोदर पथरी अस्पताल शामगढ़ 98267-95656 द्वारा मुक्ति धाम हतुनिया हेतु दान सम्पन्न
---
यूट्यूब विडिओ की प्लेलिस्ट -